देहरादून में मुख्यमंत्री एकल महिला स्वरोजगार योजना के द्वितीय चरण का शुभारंभ किया। इस अवसर पर 488 महिलाओं को ₹2.76 करोड़ से अधिक की धनराशि हस्तांतरित की। CM धामी ने कहा मातृशक्ति के सशक्तिकरण और आर्थिक आत्मनिर्भरता के लिए हमारी सरकार कृतसंकल्पित भाव से कार्य कर रही है। मुख्यमंत्री धामी एकल महिला स्वरोजगार योजना के माध्यम से एकल महिलाओं को सम्मानजनक आजीविका, स्वरोजगार के अवसर और आत्मनिर्भर बनने का सशक्त आधार प्रदान किया जा रहा है।
द्वितीय चरण का शुभारंभ
CM धामी ने कहा आज प्रदेश में 2.65 लाख से अधिक महिलाएं "लखपति दीदी" बन चुकी हैं, जबकि 5 लाख से अधिक महिलाएं 70 हजार से ज्यादा स्वयं सहायता समूहों से जुड़कर स्वरोजगार और उद्यमिता की नई मिसाल स्थापित कर रही हैं। CM ने बताया कि पहले चरण में 10 फरवरी 2026 को 6 जिलों की 484 महिलाओं को 3.45 करोड़ रुपये से अधिक की पहली किस्त दी गई थी। अब दूसरे चरण में अल्मोड़ा, चंपावत, चमोली, हरिद्वार, रुद्रप्रयाग, पिथौरागढ़, उत्तरकाशी और देहरादून की 212 महिलाओं को 1.55 करोड़ रुपये से ज्यादा की पहली किस्त जारी की गई।
आज प्रदेश में 2.65 लाख से अधिक महिलाएं "लखपति दीदी" बन चुकी हैं, जबकि 5 लाख से अधिक महिलाएं 70 हजार से अधिक स्वयं सहायता समूहों से जुड़कर स्वरोजगार और उद्यमिता की नई मिसाल स्थापित कर रही हैं।
— Pushkar Singh Dhami (@pushkardhami) July 22, 2026
इस अवसर पर माननीय कैबिनेट मंत्री श्रीमती @rekhaaryaoffice जी उपस्थित रही। pic.twitter.com/tPjR8DFoGl
75% तक की सब्सिडी
इसके अलावा देहरादून, नैनीताल और टिहरी की 276 महिलाओं को 1.20 करोड़ रुपये से ज्यादा की दूसरी किस्त भी दी गई। योजना के तहत अधिकतम 2 लाख रुपये तक की परियोजना पर सरकार 75% तक सब्सिडी देती है, जबकि 25 प्रतिशत राशि लाभार्थी महिला को स्वयं लगानी होती है। मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि सरकार एकल, निराश्रित, परित्यक्ता और विधवा महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने के लिए लगातार काम कर रही है। इस योजना के जरिए महिलाएं अपने गांव और इलाके में ही रोजगार शुरू कर आर्थिक रूप से मजबूत बन रही हैं।