उत्तराखंड में नए रिवर राफ्टिंग नियम

उत्तराखंड में नए रिवर राफ्टिंग और क्याकिंग नियमों की मंजूरी, बिना लाइसेंस राफ्टिंग कराई तो राफ्ट होगी जब्त

उत्तराखंड सरकार ने रिवर राफ्टिंग और क्याकिंग की सुरक्षा व्यवस्था को बढ़ाने हेतु नए नियमों की मंजूरी दी है, जिसमें लाइसेंस की सख्ती और जुर्माने शामिल हैं।

उत्तराखंड में नए रिवर राफ्टिंग और क्याकिंग नियमों की मंजूरी, बिना लाइसेंस राफ्टिंग कराई तो राफ्ट होगी जब्त

उत्तराखंड में नए रिवर राफ्टिंग नियम

उत्तराखंड की तेज बहती नदियां हर साल लाखों पर्यटकों को रिवर राफ्टिंग और क्याकिंग का रोमांच बढ़ा देती हैं। लेकिन बीते सालों में सामने आए कई हादसों ने यह भी साबित किया कि रोमांच के साथ सुरक्षा में किसी तरह की ढिलाई भारी पड़ सकती है। यही वजह है कि अब प्रदेश सरकार ने साहसिक पर्यटन को ज्यादा सुरक्षित और व्यवस्थित बनाने के लिए बड़ा कदम उठाया है। 

नए नियमों को CM की मंजूरी

बीते शुक्रवार को धामी सरकार की कैबिनेट ने उत्तराखंड रिवर राफ्टिंग एवं क्याकिंग नियमावली में अहम संशोधनों को मंजूरी दे दी थी। नए नियमों का उद्देश्य साफ है पर्यटकों की जान से खिलवाड़ करने वालों पर सख्ती और सुरक्षा मानकों का हर हाल में पालन। नई नियमावली के तहत अब बिना वैध लाइसेंस के रिवर राफ्टिंग या फिर क्याकिंग का संचालन करना बेहद महंगा साबित होगा। यदि कोई संचालक बिना लाइसेंस के पर्यटकों को नदी में उतारता पाया गया तो उसकी राफ्ट जब्त कर ली जाएगी। इसके साथ ही उस पर 1 लाख रुपये तक का जुर्माना भी लगाया जा सकेगा। 

50 हजार रुपये का अर्थदंड

राज्य सरकार का मानना है कि इससे अवैध रूप से संचालित हो रही गतिविधियों पर प्रभावी रोक लगेगी और केवल प्रशिक्षित व अधिकृत संचालक ही इस व्यवसाय में बने रहेंगे। संशोधित नियमों के अनुसार, अब कोई भी लाइसेंसधारी अपना लाइसेंस किसी अन्य व्यक्ति या फिर संस्था को सबलेट नहीं कर सकेगा। इसके अलावा लाइसेंस का वक्त पर नवीनीकरण भी अनिवार्य कर दिया गया है। यदि निर्धारित अवधि में लाइसेंस का नवीनीकरण नहीं कराया गया तो संचालक पर 50 हजार रुपये का अर्थदंड लगेगा। पहले नवीनीकरण के लिए 90 दिन का वक्त मिलता था, जिसे घटाकर अब 45 दिन कर दिया गया है।

नए नियमों में क्या?

  • किसी भी राफ्टिंग ट्रिप के दौरान संबंधित फर्म के पास कम से कम 2 राफ्ट होना आवश्यक होगा। यदि किसी विशेष परिस्थिति में 1 ही राफ्ट संचालित की जाती है तो उसके साथ कम से कम 1 सेफ्टी क्याक अनिवार्य रूप से मौजूद होगी। नियमों के मुताबिक किसी भी स्थिति में केवल एक राफ्ट या अकेली क्याक का संचालन नहीं किया जा सकेगा।
  • यदि कोई संचालक पर्यटकों को बिना लाइफ जैकेट या हेलमेट के राफ्टिंग कराता पाया गया तो प्रति पर्यटक 5 हजार रुपये के हिसाब से जुर्माना लगाया जाएगा। 
  • यदि राफ्टिंग के दौरान खराब या असुरक्षित उपकरणों का इस्तेमाल किया जाता है तो लाइसेंसधारी के खिलाफ जुर्माना लगेगा। वहीं यदि गाइड के पास वैध परिचय पत्र नहीं मिला तो उस पर भी 5 हजार रुपये का अर्थदंड लगाया जाएगा। 
  • अब रिवर राफ्टिंग और क्याकिंग का लाइसेंस प्राप्त करने के लिए कम से कम 3 वर्ष का अनुभव होना आवश्यक होगा।

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