MP में मानसून 6 दिन लेट, भोपाल-रायसेन में झमाझम बारिश; 37 जिलों में आंधी-पानी का अलर्ट
भोपाल। मध्य प्रदेश में मानसून इस बार तय समय से करीब 6 दिन की देरी से आगे बढ़ रहा है। मौसम विभाग (IMD) के अनुसार प्रदेश में मानसून की एंट्री 25 जून के आसपास हो सकती है। हालांकि मानसून के औपचारिक प्रवेश से पहले कई जिलों में प्री-मानसून गतिविधियां तेज हो गई हैं। राजधानी भोपाल, रायसेन और उज्जैन समेत कई इलाकों में शनिवार और रविवार को तेज बारिश दर्ज की गई, जिससे मौसम सुहावना हो गया।
भोपाल के कोलार और अन्य क्षेत्रों में हुई तेज बारिश से कई सड़कों पर पानी भर गया। रायसेन में भी जोरदार बारिश हुई, जहां कुछ स्थानों पर करीब दो फीट तक पानी जमा हो गया। दूसरी ओर शाजापुर जिले में पर्याप्त बारिश नहीं होने से किसानों की चिंता बढ़ गई है। खरीफ फसलों की बुवाई का इंतजार कर रहे किसान मानसून की राह देख रहे हैं।
मौसम विभाग ने रविवार को इंदौर, ग्वालियर, जबलपुर सहित 37 जिलों में आंधी और बारिश का अलर्ट जारी किया है। वहीं भोपाल, रायसेन, सीहोर, विदिशा, उज्जैन, देवास, सागर और नर्मदापुरम समेत कई जिलों में सामान्य से मध्यम बारिश होने की संभावना जताई गई है।
बीते 24 घंटों में उज्जैन में सबसे अधिक 2.4 इंच और भोपाल में 1.3 इंच बारिश रिकॉर्ड की गई। आंधी और बारिश के कारण अधिकांश जिलों में तापमान में गिरावट दर्ज की गई है। इससे लोगों को भीषण गर्मी से राहत मिली है।
मानसून में देरी का असर खेती पर भी दिखाई देने लगा है। कृषि विशेषज्ञों का कहना है कि किसानों को कम से कम 4 इंच बारिश होने के बाद ही बुवाई शुरू करनी चाहिए। जल्दबाजी में बोवनी करने से बीज खराब होने का खतरा रहता है।
मौसम विभाग के अनुसार प्रदेश में जून माह के दौरान अब तक सामान्य से 46 प्रतिशत कम बारिश दर्ज की गई है। यदि अगले कुछ दिनों में मानसून सक्रिय होता है तो किसानों और जलस्रोतों दोनों को राहत मिलने की उम्मीद है।