भोपाल में पाइपलाइन लीकेज से बढ़ा जलसंकट,पानी के लिए परेशान हुए लोग,कोलार लाइन फूटने से 75 से अधिक इलाके प्रभावित
भोपाल में पर्याप्त जल स्रोत होने के बावजूद कई क्षेत्रों के लोग पानी की गंभीर समस्या से जूझ रहे हैं। कोलार प्रोजेक्ट की मुख्य पाइपलाइन में लीकेज होने के कारण शहर के 75 से अधिक इलाकों में जलापूर्ति प्रभावित हो गई है। पिछले तीन दिनों से पाइपलाइन की मरम्मत का काम जारी है, लेकिन लोगों की परेशानी कम होने का नाम नहीं ले रही है।
टैंकरों के भरोसे जलापूर्ति
कोलार प्रोजेक्ट की 1650 एमएम व्यास की ग्रेविटी पाइपलाइन में लीकेज आने के बाद नियमित जल सप्लाई बंद करनी पड़ी। इसके चलते तुलसी नगर, जेपी अस्पताल, शिवाजी नगर, बांसखेड़ी और आसपास के कई क्षेत्रों में टैंकरों के माध्यम से पानी पहुंचाया जा रहा है। हालांकि रहवासियों का कहना है कि टैंकरों से मिलने वाला पानी उनकी जरूरतों के मुकाबले काफी कम है। कई परिवारों को निजी टैंकरों से पानी खरीदने के लिए अतिरिक्त खर्च करना पड़ रहा है।
निगम कमिश्नर के सामने रखी परेशानी
गुरुवार को नगर निगम कमिश्नर संस्कृति जैन बांसखेड़ी क्षेत्र का निरीक्षण करने पहुंचीं। इस दौरान स्थानीय लोगों ने उन्हें पानी की समस्या से अवगत कराया। रहवासियों ने बताया कि पिछले कई दिनों से नियमित जलापूर्ति नहीं होने के कारण घरेलू कामकाज प्रभावित हो रहे हैं और लोगों को काफी मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है।
अधिकारियों की कार्यप्रणाली पर सवाल
निरीक्षण के दौरान कोलार ब्लॉक कांग्रेस अध्यक्ष राहुल सिंह राठौड़ ने भी कमिश्नर से मुलाकात कर शहर और कोलार क्षेत्र में लगातार बनी हुई जल संकट की स्थिति पर चर्चा की। उन्होंने आरोप लगाया कि जिम्मेदार अधिकारियों की लापरवाही और समय पर रखरखाव नहीं होने के कारण बार-बार ऐसी समस्याएं सामने आ रही हैं, जिसका खामियाजा आम जनता को भुगतना पड़ रहा है।
जलापूर्ति बढ़ाने की मांग
स्थानीय नागरिकों और जनप्रतिनिधियों ने नगर निगम से मांग की है कि समस्या पूरी तरह दूर होने तक प्रभावित इलाकों में टैंकरों की संख्या बढ़ाई जाए। लोगों का कहना है कि गर्मी के मौसम में पानी की कमी ने उनकी मुश्किलें और बढ़ा दी हैं, इसलिए जल्द से जल्द स्थायी समाधान किया जाना चाहिए।