सिंहस्थ-2028 में सबकुछ AI करेगा, जानें सीएम डॉ. यादव की गूगल क्लाउड इंडिया से क्या हुई बात?
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव से 20 मई को मंत्रालय में गूगल क्लाउड इंडिया के पदाधिकारियों ने भेंट की। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने इन पदाधिकारियों के साथ प्रदेश में प्रशासनिक दक्षता संवर्धन और सिंहस्थ - 2028 की तैयारियों में मदद के लिए आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) आधारित तकनीकी सहयोग के संबंध में राउंड टेबल मीटिंग की। मीटिंग में मुख्य सचिव अनुराग जैन, अपर मुख्य सचिव (मुख्यमंत्री कार्यालय) नीरज मंडलोई, प्रमुख सचिव, विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी, मप्र शासन श्री एम. सेल्वेन्द्रम, गूगल क्लाउड इंडिया के निदेशक (पब्लिक सेक्टर) आशीष वत्तल, वरिष्ठ पदाधिकारी मदन ओबेरॉय, पंकज शुक्ला, लोकेश लोहिया, डॉ. श्रुति गाडगिल, विजय गुंजाटे सहित अन्य अधिकारी भी उपस्थित थे।
'सेंटर फॉर एक्सीलेंस' की स्थापना
बैठक में अपर मुख्य सचिव मंडलोई ने बताया कि गूगल क्लाउड इंडिया के साथ राज्य सरकार का एक बड़ा करार होने जा रहा है। सरकार और गूगल क्लाउड के सहयोग से इंदौर में 'सेंटर फॉर एक्सीलेंस' की स्थापना की जा रही है। सेंटर की स्थापना के लिए जल्द ही एमओयू भी साइन किया जाएगा। इस सेंटर से 10 हजार से अधिक एआई डेवेलपर्स को जोड़ा जाएगा, जो मध्यप्रदेश सहित पूरे देश और साउथ ग्लोबल को एआई की रीयल टाइम नीड टेक्निकल सपोर्ट उपलब्ध कराएंगे।
हर तकनीकी सहयोग देने के लिए तैयार
गूगल के पदाधिकारियों ने मुख्यमंत्री डॉ. यादव को बताया कि एआईं समिट के दौरान मप्र सरकार से अभूतपूर्व समर्थन और सहयोग मिला। इससे प्रेरित गूगल क्लाउड द्वारा प्रदेश के प्रमुख विभागों कृषि, शिक्षा, वन, महिला बाल विकास सहित अन्य विभागों को एआई से सशक्त किया जा रहा है। सिंहस्थ 2028 आयोजन की तैयारियों में भी एआई सहयोग दिया जा रहा है। उन्होंने बताया कि सिंहस्थ के दौरान भीड़ प्रबंधन, ट्रैफिक संचालन, नागरिक सुरक्षा और आपातकालीन सेवाओं को भी अत्याधुनिक एवं तकनीक आधारित बनाया जा सकता है। एआई और डिजिटल समाधान के उपयोग से सिंहस्थ को सुरक्षित, सुव्यवस्थित और विश्व स्तरीय अनुभव के रूप में स्थापित करने के लिए गूगल क्लाउड सरकार को हर तकनीकी सहयोग देने के लिए तत्पर है। बैठक में अन्य विषयों पर भी विस्तार से बात हुई।