पीएम मोदी: ट्रंप के टैरिफ पर कहा-कोई भी कीमत चुकाने को तैयार हूं

pm-modi-on-trump-tariff-farmers-interests-will-not-be-compromised

पीएम मोदी: ट्रंप के टैरिफ पर कहा-कोई भी कीमत चुकाने को तैयार हूं

पीएम मोदी ट्रंप के टैरिफ पर कहा-कोई भी कीमत चुकाने को तैयार हूं

किसानों के हितों के लिए कोई भी कीमत चुकाने को तैयार हूं: पीएम मोदी   प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज एक भावुक और दृढ़ संकल्प से भरी टिप्पणी की है, जब उन्होंने कहा कि किसानों, मछुआरों और डेयरी किसानों के हितों से समझौता कभी नहीं किया जाएगा। यह बयान उस वक्त आया है जब अमेरिका ने भारतीय कृषि उत्पादों पर टैरिफ बढ़ाने का ऐलान किया है, जिससे भारतीय उत्पादों के निर्यात पर असर पड़ सकता है। PM Modi on Trump Tariff Farmers Interests Will Not Be Compromised अपने इस बयान में पीएम मोदी ने स्पष्ट कहा, "मुझे इसकी कीमत चुकानी पड़ेगी और मैं इसके लिए तैयार हूं"। उन्होंने इसे किसानों के अधिकारों की रक्षा के लिए एक कठिन निर्णय बताया, जिसे उन्हें लेना पड़ा। यह संदेश उनके विश्वास का प्रतीक है कि देश के किसानों के अधिकारों के लिए किसी भी मुश्किल को सहन किया जा सकता है।

 स्वामीनाथन की जन्म शताब्दी पर वैश्विक सम्मेलन में दी यह बात

प्रधानमंत्री मोदी यह टिप्पणी दिवंगत कृषि वैज्ञानिक एम.एस. स्वामीनाथन की जन्म शताब्दी के अवसर पर आयोजित वैश्विक सम्मेलन के दौरान कर रहे थे। यह सम्मेलन तीन दिनों तक चलेगा और इसमें विभिन्न वैज्ञानिकों, नीति निर्माताओं और विकास पेशेवरों को एक मंच पर लाकर कृषि के विभिन्न पहलुओं पर चर्चा करने का अवसर मिलेगा। स्वामीनाथन जी को भारत में 'हरित क्रांति' का जनक माना जाता है। उनके योगदान ने भारत में खाद्य उत्पादन में अभूतपूर्व वृद्धि की और कृषि में आधुनिक तकनीकों के प्रयोग से किसानों की स्थिति सुधारने में मदद की। प्रधानमंत्री मोदी ने इस अवसर पर एक विशेष स्मारक सिक्का और डाक टिकट जारी किया, जो एम.एस. स्वामीनाथन की विरासत और उनके योगदान का प्रतीक हैं।

 अमेरिका द्वारा टैरिफ बढ़ाने से उत्पन्न संकट

अमेरिका द्वारा भारतीय कृषि उत्पादों, खासकर गेहूं और चावल पर टैरिफ को 50 प्रतिशत तक बढ़ाए जाने के बाद भारतीय किसानों और उत्पादकों के लिए निर्यात बाजार में चुनौतियां बढ़ गई हैं। इस बदलाव का सीधा असर भारतीय अर्थव्यवस्था पर भी पड़ सकता है, क्योंकि अमेरिकी बाजार भारत के कृषि उत्पादों का एक महत्वपूर्ण निर्यात स्थल है। इससे पहले, प्रधानमंत्री मोदी ने कहा था कि कृषि सेक्टर को निरंतर वैश्विक बाजारों से जोड़ने की आवश्यकता है, ताकि भारतीय किसान दुनिया भर में अपनी उपज बेच सकें। अब यह टैरिफ संकट न केवल व्यापारिक दृष्टिकोण से महत्वपूर्ण है, बल्कि यह भारतीय किसानों के भविष्य के लिए भी चिंता का विषय बन गया है।

 किसानों का हक, हमारी प्राथमिकता

पीएम मोदी ने किसानों के हितों की रक्षा को अपनी सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता बताया। उनका कहना था कि भले ही इस रास्ते में कितनी भी कठिनाइयां आएं, वह कभी भी किसानों के हक से समझौता नहीं करेंगे। उन्होंने यह भी कहा कि हर कदम पर किसानों के कल्याण को सुनिश्चित करने के लिए सरकार प्रतिबद्ध है, चाहे इसके लिए उन्हें कितनी भी बड़ी कीमत चुकानी पड़े।

 स्वामीनाथन की विरासत और कृषि के भविष्य पर चर्चा

प्रधानमंत्री मोदी ने इस मौके पर स्वामीनाथन जी के योगदान को सराहा और कहा कि उनकी खोजों और प्रयासों ने भारतीय कृषि के चेहरे को बदल दिया। उनका कार्य कृषि में नवाचार लाने, उच्च उपज वाली किस्मों के विकास और किसानों के जीवन को सुधारने के लिए आधार साबित हुआ। इस सम्मेलन में जैव विविधता, सतत कृषि और जलवायु परिवर्तन जैसे महत्वपूर्ण मुद्दों पर भी चर्चा की जाएगी। स्वामीनाथन जी की प्रतिष्ठा को ध्यान में रखते हुए एमएस स्वामीनाथन रिसर्च फाउंडेशन (MSSRF) और वर्ल्ड एकेडमी ऑफ साइंसेज (TWAS) मिलकर एमएस स्वामीनाथन फूड एंड पीस पुरस्कार की शुरुआत करेंगे। यह पुरस्कार उन व्यक्तियों या संस्थाओं को दिया जाएगा, जिन्होंने कृषि के क्षेत्र में महत्वपूर्ण योगदान दिया है।

आखिरकार, क्या है इस सख्त निर्णय का महत्व?

प्रधानमंत्री मोदी का यह बयान सिर्फ एक प्रतिक्रिया नहीं, बल्कि भारतीय किसानों के हितों के लिए एक सशक्त संकल्प है। जब वैश्विक व्यापार संकट भारत के दरवाजे पर दस्तक दे रहा है, तो यह संदेश किसानों के लिए है कि उनकी सरकार हर हालत में उनके साथ खड़ी रहेगी। यही कारण है कि पीएम मोदी ने इस फैसले के लिए किसी भी कीमत को तैयार होने की बात की है। भारत के किसानों के लिए यह वक्त बेहद महत्वपूर्ण है, और पीएम मोदी ने यह साबित किया है कि उनका सरकार इस संघर्ष में पूरी तरह से किसानों के साथ खड़ी रहेगी, चाहे अमेरिकी टैरिफ में कितना भी इजाफा क्यों न हो। Read More:- Korba में गजराज की चिहाड़: 46 हाथियों का झुंड हाईवे पार करता दिखा, 85 गांवों में बजा सायरन अलर्ट Watch Now :-मराठी भाषा पर भिड़ीं महिलाएं! लोकल ट्रेन में हुआ हाईवोल्टेज ड्रामा

संबंधित सामग्री

मोदी सरकार के 12 साल पर CM डॉ. मोहन यादव का लेखन: सेवा, सुशासन और संकल्प से बना नया भारत

देश-विदेश

मोदी सरकार के 12 साल पर CM डॉ. मोहन यादव का लेखन: सेवा, सुशासन और संकल्प से बना नया भारत

मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने ब्लॉग में नरेंद्र मोदी के तीन बार प्रधानमंत्री बनने की उपलब्धियों और विशेषताओं की चर्चा की।

मीनाक्षी नटराजन का नामांकन रद्द, CM डॉ यादव बोले - कांग्रेस ने सच छिपाया, जनता से माफी मांगे

राज्य

मीनाक्षी नटराजन का नामांकन रद्द, CM डॉ यादव बोले - कांग्रेस ने सच छिपाया, जनता से माफी मांगे

मध्यप्रदेश में कांग्रेस प्रत्याशी मीनाक्षी नटराजन का नामांकन रद्द हुआ, CM डॉ. मोहन यादव ने कांग्रेस पर तंज कसा, आपराधिक रिकॉर्ड छिपाने का आरोप लगाया।

CM डॉ. यादव ने संज्ञान में लिया प्रारूप, शासकीय नौकरी में दो बच्चों की अधिकतम सीमा होगी समाप्त

राज्य

CM डॉ. यादव ने संज्ञान में लिया प्रारूप, शासकीय नौकरी में दो बच्चों की अधिकतम सीमा होगी समाप्त

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने मध्यप्रदेश में दो बच्चों की अधिकतम सीमा संबंधी नियम को निरस्त किया, शासकीय सेवा में नया प्रारूप लागू।

करौली में ट्रेन दुर्घटना में तीन लोगों की मौत!

राज्य

करौली में ट्रेन दुर्घटना में तीन लोगों की मौत!

A woman and two children were killed by a train near Hindon-Bayana station in Karauli, India. The victims have not been identified yet.

कांग्रेस को बड़ा झटका, मीनाक्षी नटराजन का नामांकन रद्द; भाजपा की आपत्ति बनी वजह

राज्य

कांग्रेस को बड़ा झटका, मीनाक्षी नटराजन का नामांकन रद्द; भाजपा की आपत्ति बनी वजह

मध्य प्रदेश राज्यसभा चुनाव में कांग्रेस उम्मीदवार मीनाक्षी नटराजन का नामांकन रद्द कर दिया गया, जिससे भाजपा के उम्मीदवारों की जीत सुनिश्चित हो गई है।