भोपाल रेलवे ग्रीन प्लेटिनम अवार्ड: भोपाल रेलवे नई पहचान, कोच कारखाने को मिला ग्रीन प्लेटिनम अवार्ड

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भोपाल रेलवे ग्रीन प्लेटिनम अवार्ड: भोपाल रेलवे नई पहचान, कोच कारखाने को मिला ग्रीन प्लेटिनम अवार्ड

भोपाल रेलवे ग्रीन प्लेटिनम अवार्ड भोपाल रेलवे नई पहचान कोच कारखाने को मिला ग्रीन प्लेटिनम अवार्ड

भोपाल रेलवे ग्रीन प्लेटिनम अवार्ड: भोपाल स्थित सवारी डिब्बा पुनर्निमाण कारखाना ने एक बड़ी उपलब्धि हासिल की है। भारतीय उद्योग परिसंघ (CII) ने इसे ग्रीन प्लेटिनम अवार्ड से सम्मानित किया है, जो पर्यावरणीय उत्कृष्टता का सर्वोच्च मानक माना जाता है। यह सम्मान सिर्फ सम्मान नहीं है यह दर्शाता है कि कैसे एक औद्योगिक इकाई ने ऊर्जा की बचत, संसाधनों का संरक्षण और पर्यावरण‑प्रेमी संचालन को प्राथमिकता दी।

भोपाल रेलवे ग्रीन प्लेटिनम अवार्ड: जाने प्लेटिनम अवार्ड क्यों खास है?

मुख्य कारखाना प्रबंधक प्रफुल्ल वी. कोहाड़े बताते हैं कि यह रेटिंग सबसे उच्च श्रेणी है, जो केवल उन कारखानों को दी जाती है जिन्होंने ऊर्जा खपत में कमी, कचरा प्रबंधन,कार्बन उत्सर्जन नियंत्रण, और जल संरक्षण जैसी सभी पर्यावरणीय मानकों में उत्कृष्ट प्रदर्शन किया हो। भोपाल का यह कारखाना पश्चिम मध्य रेलवे का पहला ऐसा केन्द्र है जिसने यह उपलब्धि हासिल की, और भारतीय रेल के अंतर्गत यह कुल छठवां ऐसा कारखाना बन चुका है।

भोपाल रेलवे ग्रीन प्लेटिनम अवार्ड: कारखाने में पर्यावरण के लिए उठाए कदम

सौर ऊर्जा से बचत और दक्षता कारखाने में 711.25 किलोवाट क्षमता का सौर ऊर्जा संयंत्र लगाया गया है। बिजली के खर्च में करीब 37% तक कमी, वार्षिक लगभग 34 लाख रुपये की बचत स्थापित ऊर्जा संयंत्र से हो रही है। रेन वॉटर हार्वेस्टिंग से जल संरक्षण कारखाने की पांच इमारतों में रेन वॉटर हार्वेस्टिंग सिस्टम लगाया गया है। इससे हर साल करीब 29 लाख लीटर वर्षा जल भूमिगत जलस्तर में वापस लाया जा रहा है।

सीवेज ट्रीटमेंट का उच्चस्तरीय उपयोग

यहाँ का सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट प्रतिदिन 5 लाख लीटर तक गंदे पानी को साफ करता है। उन्नत टर्शरी ट्रीटमेंट और ओजोन सिस्टम से करीब 3.5 लाख लीटर पानी प्रतिदिन पुनः उपयोग में आ रहा है, जिसे हरा‑भरा कारखाना पिछले दो वर्षों में लगभग 1000 से ज्यादा पौधे कारखाना परिसर में लगाए गए हैं और उनकी नियमित देखरेख भी की जा रही है।करीब 400 एकड़ क्षेत्र में फैले इस कारखाने का 41% भाग ग्रीन बिल्ट एरिया है जो आज शहर में हरित विकास का उज्जवल उदाहरण बन चुका है।

एक मिसाल, जो पूरे देश के लिए उदाहरण है

भोपाल का सवारी डिब्बा पुनर्निमाण कारखाना यह साबित कर चुका है कि बड़े निवेश के साथ-साथ पर्यावरणीय जिम्मेदारी भी निभाई जा सकती है।रेलवे नेटवर्क के लिए यह उपलब्धि न सिर्फ गर्व का विषय है, बल्कि आने वाले कई औद्योगिक प्रतिष्ठानों के लिए प्रेरणा भी बनेगी।  

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