पंजाब के लोकप्रिय गायक और अभिनेता दिलजीत दोसांझ को लेकर सियासी हलचल तेज हो गई है। उनके मैनेजर के घर के बाहर हुई कथित फायरिंग ने न केवल सुरक्षा पर सवाल खड़े किए हैं, बल्कि इसे लेकर राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप भी तेज हो गए हैं।
इस पूरे घटनाक्रम ने मनोरंजन जगत और राजनीति के रिश्तों पर नई बहस छेड़ दी है। गुरुवार को पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने भी यह दावा किया कि दोसांझ के ऊपर राजनीति में आने के लिए दबाव डाला जा रहा है |
पंजाब सीएम मान
क्या है पूरा मामला?
हाल ही में दिलजीत दोसांझ के मैनेजर गुरपताप सिंह कांग के घर के बाहर गोलीबारी की खबर सामने आई। इस घटना की जिम्मेदारी कथित तौर पर लॉरेंस बिश्नोई गैंग से जुड़े लोगों ने ली है। हालांकि पुलिस मामले की जांच में जुटी है और कई पहलुओं पर पड़ताल जारी है।
सीएम मान का बड़ा आरोप
पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने इस घटना को लेकर गंभीर आरोप लगाए हैं। उनका कहना है कि दिलजीत दोसांझ पर राजनीति में आने का दबाव बनाया जा रहा था। उन्होंने दावा किया कि जब दिलजीत ने इस प्रस्ताव को ठुकरा दिया, तो उनके करीबियों को निशाना बनाकर दबाव बनाने की कोशिश की गई।
गायक दिलजीत दोसांझ
मान ने यह भी कहा कि कलाकारों को राजनीति में घसीटना गलत है और उनका काम केवल लोगों का मनोरंजन करना है।
बताते चलें कि दिलजीत दोसांझ पहले ही स्पष्ट कर चुके हैं कि उनका राजनीति में आने का कोई इरादा नहीं है। उन्होंने सार्वजनिक रूप से कहा है कि वे अपने काम यानी मनोरंजन की दुनिया में ही खुश हैं और उसी पर ध्यान देना चाहते हैं।
सियासी घमासान तेज
आप का चुनावी चिन्ह
इस मामले को लेकर आम आदमी पार्टी और बीजेपी के बीच आरोप-प्रत्यारोप का दौर शुरू हो गया है। जहां एक ओर आप नेताओं ने इसे दबाव की राजनीति बताया, वहीं दूसरी ओर बीजेपी ने इन आरोपों को सिरे से खारिज किया है और कानून-व्यवस्था पर सवाल उठाए हैं।