जापानी अधिकारियों को भारत के ट्रीटमेंट सेंटरों में फ्यूमिगेशन प्रक्रिया में कमियां मिलीं।
लोकप्रिय किस्मों का एक्सपोर्ट प्रभावित हुआ जिनमे शामिल हैं:-केसर, अल्फांसो, लंगड़ा, बंगनपल्ली
25 मार्च 2026 के बाद जारी किए गए निरीक्षण प्रमाणपत्र वाली खेप स्वीकार नहीं की जाएगी।
अप्रैल से जून तक चलने वाले आम निर्यात सीजन पर बड़ा असर पड़ सकता है।
गुजरात का केसर आम जापान में सबसे ज्यादा पसंद किया जाता है।
भारतीय अधिकारी जापानी एजेंसियों से समाधान निकालने की कोशिश में जुटे हैं।
अब उम्मीद है कि भारत जल्द जरूरी मानकों को पूरा कर जापान का बाजार फिर से खोलेगा।