Nausea यानी जी मिचलाना या उल्टी जैसा महसूस होना एक आम समस्या है। ज्यादा खाना, अपच, गैस, मोशन सिकनेस, तेज गंध, तनाव या किसी संक्रमण के कारण भी ऐसा हो सकता है। कुछ लोगों को माइग्रेन या सिरदर्द के दौरान भी मतली की शिकायत होती है। हालांकि, बार-बार या लंबे समय तक होने वाली मतली को नजरअंदाज नहीं करना चाहिए।
थोड़ी-थोड़ी मात्रा में पानी पिएं
जी मिचलाने पर एक साथ ज्यादा पानी पीने के बजाय छोटे-छोटे घूंट लेना बेहतर हो सकता है। उल्टी होने पर शरीर में पानी और इलेक्ट्रोलाइट्स की कमी हो सकती है। ऐसी स्थिति में जरूरत के अनुसार ORS का इस्तेमाल किया जा सकता है।
अदरक से मिल सकती है राहत
अदरक का इस्तेमाल लंबे समय से मतली और पाचन संबंधी परेशानी में किया जाता रहा है। कुछ लोगों को हल्की अदरक वाली चाय या भोजन में थोड़ी मात्रा में अदरक लेने से राहत मिल सकती है। हालांकि, ज्यादा मात्रा में अदरक लेने से पेट की परेशानी बढ़ सकती है।
हल्का और कम मात्रा में खाना खाएं
नॉजिया होने पर पेट को पूरी तरह खाली रखना जरूरी नहीं है। भूख लगने पर सादा टोस्ट, खिचड़ी, चावल, केला या सादा बिस्किट जैसे हल्के खाद्य पदार्थ थोड़ी मात्रा में लिए जा सकते हैं। इस दौरान बहुत तला-भुना, मसालेदार और ज्यादा वसायुक्त भोजन करने से बचें। एक बार में ज्यादा खाने के बजाय थोड़ी-थोड़ी मात्रा में खाना बेहतर हो सकता है।
तेज गंध और घुटन से बचें
परफ्यूम, धुआं, खाना पकने की तेज गंध या बंद कमरे की घुटन कुछ लोगों में मतली बढ़ा सकती है। ऐसे में कमरे में वेंटिलेशन रखें और संभव हो तो कुछ देर खुली हवा में बैठें।
आराम करें और शरीर को ज्यादा न थकाएं
नॉजिया के दौरान ज्यादा शारीरिक मेहनत करने से परेशानी बढ़ सकती है। आराम करें और शरीर को पर्याप्त समय दें। खाना खाने के तुरंत बाद बिल्कुल सपाट लेटने के बजाय कुछ समय सीधे बैठना बेहतर हो सकता है, खासकर अगर साथ में एसिडिटी या सीने में जलन भी हो।
कब डॉक्टर से संपर्क करना जरूरी है?
अगर लगातार उल्टियां हो रही हैं, पानी या कोई तरल पदार्थ शरीर में नहीं टिक रहा, बहुत ज्यादा कमजोरी या चक्कर आ रहे हैं, तेज पेट दर्द या सीने में दर्द है, उल्टी में खून दिखाई दे रहा है या तेज बुखार के साथ मतली हो रही है, तो तुरंत चिकित्सकीय सलाह लें। गर्भावस्था के दौरान बहुत ज्यादा उल्टी या डिहाइड्रेशन के लक्षण दिखाई देने पर भी डॉक्टर से संपर्क करना जरूरी है।
बार-बार नॉजिया हो तो कारण की जांच जरूरी
नॉजिया खुद कोई बीमारी नहीं बल्कि कई अलग-अलग स्थितियों का लक्षण हो सकता है। अगर जी मिचलाने की समस्या बार-बार होती है या लंबे समय तक बनी रहती है, तो केवल घरेलू उपायों पर निर्भर रहने के बजाय डॉक्टर से सलाह लेकर इसके कारण की जांच कराना बेहतर है।