कोलकाता के साल्ट लेक स्टेडियम में भारत और ब्राजील के बीच खेला गया ऐतिहासिक अंतरराष्ट्रीय मैत्री मुकाबला मेहमान टीम के नाम रहा। पांच बार की विश्व चैंपियन ब्राजील ने भारत को 4-0 से हराया। भारत ने शुरुआती 25 मिनट में शानदार रक्षात्मक खेल दिखाते हुए ब्राजील को गोल करने का मौका नहीं दिया, लेकिन इसके बाद ब्राजील ने अपनी तकनीकी क्षमता और अनुभव का इस्तेमाल करते हुए मुकाबले पर पूरी तरह पकड़ बना ली।

एस्तेवाओ ने खोला ब्राजील का खाता
मुकाबले की शुरुआत में भारत ने मजबूत रक्षात्मक संरचना के साथ खेलते हुए ब्राजील के स्टार खिलाड़ी विनिसियस जूनियर को काफी हद तक नियंत्रित रखा। भारत को शुरुआती दौर में कुछ अच्छे मौके भी मिले।
हालांकि, 28वें मिनट में एस्तेवाओ ने शानदार फिनिश के साथ ब्राजील को 1-0 की बढ़त दिला दी। इसके बाद 42वें मिनट में पेड्रो ने गोल कर ब्राजील की बढ़त 2-0 कर दी।

दूसरे हाफ में ब्राजील ने बढ़ाया दबाव
दूसरे हाफ की शुरुआत में भारत ने वापसी की कोशिश की, लेकिन ब्राजील ने लगातार दबाव बनाए रखा। 58वें मिनट में सैमुअल लिनो ने गोल कर स्कोर 3-0 कर दिया।
भारत ने इसके बाद कुछ आक्रमण बनाने की कोशिश की। मनीर सिंह और रयान विलियम्स ने ब्राजील के गोलपोस्ट तक पहुंचने की कोशिश की, लेकिन भारतीय टीम अंतिम पास और फिनिशिंग में सफल नहीं हो सकी।
इंजरी टाइम में लिनो का दूसरा गोल
मुकाबले के अंतिम पलों में सैमुअल लिनो ने एक और शानदार गोल दागकर अपना व्यक्तिगत स्कोर दो गोल कर दिया। 90+4वें मिनट में किए गए इस गोल के साथ ब्राजील ने मुकाबला 4-0 से अपने नाम कर लिया।

ऐतिहासिक मुकाबले में भारत को मिला अनुभव
यह भारत और ब्राजील की पुरुष सीनियर राष्ट्रीय टीमों के बीच पहला मुकाबला था। भारत भले ही मैच हार गया, लेकिन शुरुआती 25 मिनट में उसका प्रदर्शन उत्साहजनक रहा। वहीं, ब्राजील ने अपनी गुणवत्ता दिखाते हुए चार गोल दागे और अपने भारत दौरे का समापन जीत के साथ किया।