बिना बताए घर छोड़कर दूसरे आदमी के साथ भागी पत्नी को नहीं मिलेगा गुजारा भत्ता

high-court-in-bilaspur-news

बिना बताए घर छोड़कर दूसरे आदमी के साथ भागी पत्नी को नहीं मिलेगा गुजारा भत्ता

बिना बताए घर छोड़कर दूसरे आदमी के साथ भागी पत्नी को नहीं मिलेगा गुजारा भत्ता

High Court in Bilaspur: बिलासपुर में हाईकोर्ट ने भरण-पोषण से जुड़े एक मामले में चीफ जस्टिस रमेश सिन्हा की सिंगल बेंच ने निचली अदालत के फैसले को बरकरार रखते हुए कहा कि यदि पत्नी बिना किसी ठोस कारण के अपने बच्चों और पति को छोड़कर जाती है, और किसी अन्य पुरुष के साथ समय बिताती है, तो वह सीआरपीसी की धारा 125(4) के तहत गुजारा भत्ता पाने की हकदार नहीं है.और ये फैसला क्यों लिया गया है आईए जानते है।

[caption id="attachment_140378" align="alignnone" width="1028"]हाईकोर्ट हाईकोर्ट[/caption]

1 लाख रुपए मासिक गुजारा भत्ता दिया जाए

बता दें की भिलाई निवासी महिला ने अपने पति के खिलाफ भरण-पोषण के लिए आवेदन लगाया था. मामले में पत्नी ने आरोप लगाया था कि वह प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रही थी, और पति की सहमति से ही कोचिंग के सिलसिले में दिल्ली गई थी. उसने दावा किया कि पति का काम अच्छा है, और हर माह 3 लाख रुपए आय है, इसलिए उसे 1 लाख रुपए मासिक गुजारा भत्ता दिया जाए.

High Court in Bilaspur: इस पर महिला ने हाई कोर्ट में मामला प्रस्तुत किया

जिसके बाद पति ने कोर्ट में पत्नी के दावों को खारिज किया और बताया कि 11 नवंबर 2022 को पत्नी बिना बताए घर से गहने, दस्तावेज और अपने 2 छोटे बच्चों को छोड़कर चली गई थी. पति ने गुमशुदगी की रिपोर्ट भी दर्ज कराई थी. बाद में पता चला कि वह 1 व्यक्ति और अपनी बहन के साथ फ्लाइट से दिल्ली गई थी, और वहां करीब 10-11 दिन रुकी थी. दुर्ग के फैमिली कोर्ट ने सबूतों के आधार पर पत्नी की अर्जी खारिज कर दी थी, इस पर महिला ने हाई कोर्ट में मामला प्रस्तुत किया था.

हाई कोर्ट ने महिला की याचिका खारिज कर दी

High Court in Bilaspur: इस मामले हाई कोर्ट ने कहा कि पत्नी ने बिना किसी पर्याप्त कारण के पति के घर और बच्चों को छोड़ा. इसके अलावा किसी अन्य पुरुष के साथ 10-11 दिन तक बाहर रहना और परिवार को सूचना न देना स्वैच्छिक परित्याग की श्रेणी में आता है. ऐसी स्थिति में सीआरपीसी की धारा 125(4) के तहत पत्नी भरण-पोषण की हकदार नहीं रह जाती. इस आधार पर हाई कोर्ट ने महिला की याचिका खारिज कर दी है.

संबंधित सामग्री

सिंहस्थ 2028: सीएम मोहन देंगे तैयारियों को रफ्तार, जानें क्या होगा फायदा, क्या है प्लानिंग

राज्य

सिंहस्थ 2028: सीएम मोहन देंगे तैयारियों को रफ्तार, जानें क्या होगा फायदा, क्या है प्लानिंग

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव और केंद्रीय मंत्री मनोहर लाल खट्टर शनिवार को करेंगे इंदौर-उज्जैन ग्रीन फील्ड कॉरिडोर का भूमिपूजन, 2,935 करोड़ रुपये की लागत से तैयार होगा कॉरिडोर

भगवान परशुराम के कथित अपमान,सुप्रीम कोर्ट अधिवक्ता भारत सरकार प्रशांत त्रिपाठी ने तहरीर देकर की जांच की मांग

राज्य

भगवान परशुराम के कथित अपमान,सुप्रीम कोर्ट अधिवक्ता भारत सरकार प्रशांत त्रिपाठी ने तहरीर देकर की जांच की मांग

गोरखपुर में भगवान परशुराम के स्वरूप के आपत्तिजनक प्रदर्शन को लेकर विवाद उठा है, जिसमें ब्राह्मण समाज ने कड़ी कार्रवाई की मांग की है।

शादी से एक दिन पहले भाजपा ने की आत्महत्या, सिंगरौली में दर्दनाक घटना से सदमे में परिवार

राज्य

शादी से एक दिन पहले भाजपा ने की आत्महत्या, सिंगरौली में दर्दनाक घटना से सदमे में परिवार

मध्य प्रदेश के सिंगरौली जिले में भाजपा प्रजापति नामक युवती ने शादी से एक दिन पहले फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली, जिससे पूरा परिवार और ग्रामीण गहरे सदमे में हैं।

MP में NEET परीक्षा को लेकर हाई अलर्ट, 30 जिलों में कड़ी सुरक्षा के बीच होगा एग्जाम

राज्य

MP में NEET परीक्षा को लेकर हाई अलर्ट, 30 जिलों में कड़ी सुरक्षा के बीच होगा एग्जाम

मध्य प्रदेश में NEET-UG परीक्षा के लिए कड़े सुरक्षा उपाय किए गए। 44 साइबर कमांडो और दो-स्तरीय सुरक्षा व्यवस्था सहित सभी केंद्रों पर निगरानी बढ़ाई गई।

MP में UCC को लेकर तैयारियां तेज: CM डॉ. मोहन ने कहा- मुस्लिम भाई-बहनों से भी आ रहे अच्छे सुझाव

राज्य

MP में UCC को लेकर तैयारियां तेज: CM डॉ. मोहन ने कहा- मुस्लिम भाई-बहनों से भी आ रहे अच्छे सुझाव

मध्य प्रदेश सरकार ने शीतकालीन सत्र से पहले UCC विधेयक पारित करने का प्रयास शुरू किया है, प्रधानमंत्री और केंद्रीय गृह मंत्री के मार्गदर्शन में।