देशभर में पेट्रोल और डीजल की कीमतों में एक बार फिर बढ़ोतरी की गई है। पिछले 10 दिनों में यह चौथी बार है जब तेल कंपनियों ने फ्यूल प्राइस बढ़ाए हैं। नई दरें 25 मई सुबह 6 बजे से लागू हो गई हैं। इस बढ़ोतरी के बाद दिल्ली में पेट्रोल 102.12 रुपए और डीजल 95.20 रुपए प्रति लीटर पहुंच गया है।
लगातार बढ़ रहे ईंधन के दामों ने आम लोगों की चिंता बढ़ा दी है। विशेषज्ञों का मानना है कि इसका असर अब ट्रांसपोर्ट, खाद्य पदार्थों और रोजमर्रा की जरूरत की चीजों की कीमतों पर भी दिख सकता है।
चारों महानगरों में कितना बढ़ा दाम
पेट्रोल के नए रेट
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दिल्ली: 102.12 रुपए (+2.61)
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कोलकाता: 113.51 रुपए (+2.87)
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मुंबई: 111.21 रुपए (+2.72)
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चेन्नई: 107.77 रुपए (+2.46)
डीजल के नए रेट
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दिल्ली: 95.20 रुपए (+2.71)
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कोलकाता: 99.82 रुपए (+2.80)
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मुंबई: 97.83 रुपए (+2.81)
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चेन्नई: 99.55 रुपए (+2.57)
आखिर क्यों बढ़ रहे हैं पेट्रोल-डीजल के दाम?
जानकारों के मुताबिक अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में लगातार उतार-चढ़ाव और पश्चिम एशिया में बढ़ते भू-राजनीतिक तनाव इसका बड़ा कारण हैं। सरकार पहले भी संकेत दे चुकी है कि बढ़ती आयात लागत और सप्लाई स्थिर रखने के लिए कीमतों में बदलाव जरूरी हो गया था।भारत अपनी जरूरत का बड़ा हिस्सा विदेशों से आयात करता है। ऐसे में क्रूड ऑयल महंगा होने का सीधा असर घरेलू बाजार पर पड़ता है।
आम लोगों की जेब पर बढ़ेगा बोझ
ईंधन महंगा होने का असर सिर्फ वाहन चालकों तक सीमित नहीं रहेगा। रोजाना सफर करने वाले लोगों, छोटे व्यापारियों और किसानों पर भी इसका अतिरिक्त बोझ पड़ सकता है।अगर आने वाले दिनों में अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतें और बढ़ती हैं, तो पेट्रोल-डीजल के दामों में फिर बढ़ोतरी देखने को मिल सकती है।